Sunday, June 21, 2026

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सरकार ने 16 दवा कॉम्बिनेशन पर रोक लगाई:स्किन और कॉस्मेटिक प्रोडक्ट भी शामिल, कहा- इनसे इलाज में फायदे से ज्यादा जोखिम

केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय ने  देशभर में 16 फिक्स्ड-डोज़ कॉम्बिनेशन दवाएं (16 fixed dose combination drugs)बनाने, वितरण, बिक्री और सप्लाई पर तत्काल प्रभाव से रोक लगा दी है। केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय ने कहा कि इन दवाओं से फायदे की अपेक्षा जोखिम ज्यादा हैं। इन दवाओं में इलाज के लिहाज से कुछ नहीं मिला।

मंत्रालय ने कहा कि यह कदम लोगों की सुरक्षा बढ़ाने और दवाओं के सही इस्तेमाल को बढ़ावा देने के लिए उठाया गया है, ताकि केवल वैज्ञानिक रूप से सही और असरदार दवाएं ही बाजार में उपलब्ध रहें।

सरकार का कहना है कि इन दवाओं का फायदा स्पष्ट रूप से साबित नहीं हुआ, जबकि इनके इस्तेमाल से संभावित जोखिम जरूर हो सकते हैं। (16 fixed dose combination drugs)प्रतिबंधित सूची में कुछ दर्द निवारक, एंटीबायोटिक, मांसपेशियों की ऐंठन कम करने वाली और स्किनकेयर से जुड़ी दवाएं भी शामिल हैं। यह फैसला सिर्फ दवा कंपनियों के लिए नहीं, बल्कि करोड़ों मरीजों के लिए भी अहम है, क्योंकि अक्सर लोग डॉक्टर की सलाह के बिना ऐसी दवाओं का इस्तेमाल कर लेते हैं।

विशेषज्ञों का मानना है कि गलत या गैर-जरूरी दवाओं का संयोजन न केवल इलाज को प्रभावित कर सकता है, बल्कि दुष्प्रभाव और एंटीबायोटिक रेजिस्टेंस जैसी गंभीर समस्याओं का कारण भी बन सकता है।

स्वास्थ्य मंत्रालय ने बताया कि यह फैसला सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों और  16 फिक्स्ड-डोज़ कॉम्बिनेशन दवाओं (16 fixed dose combination drugs)की समीक्षा के आधार पर लिया गया। इसके लिए ड्रग्स टेक्निकल एडवाइजरी बोर्ड (DTAB) ने विशेषज्ञ समिति बनाई थी। समिति ने कई दवा कॉम्बिनेशन की जांच की और कुछ को अवैज्ञानिक, इलाज के लिहाज से गैर-जरूरी और मरीजों के लिए संभावित रूप से नुकसानदायक पाया।एफडीसी यानी ऐसी दवाएं, जिनमें दो या उससे ज्यादा एक्टिव फॉर्माम्युटिकल इनग्रेडिएंट्स (API) तय अनुपात में मिलाए जाते हैं।मंत्रालय ने यह प्रतिबंध ड्रग्स एंड कॉस्मेटिक्स एक्ट, 1940 की धारा 26A के तहत जारी अधिसूचनाओं के जरिए लगाया है।

इन फायदों से ज्यादा इसके नुकसान भी हो सकते हैं। अगर किसी मरीज में एक दवा की खुराक बढ़ानी या घटानी हो, तो ऐसा नहीं किया जा सकता। इसके अलावा सरकार का कहना है कि एक ही गोली में अधिक दवाएं होने पर किसी एक से एलर्जी या साइड इफेक्ट होने का जोखिम भी बना रहता है।

Vijay Upadhyay

Vijay Upadhyay is a career journalist with 23 years of experience in various English & Hindi national dailies. He has worked with UNI, DD/AIR & The Pioneer, among other national newspapers. He currently heads the United News Room, a news agency engaged in providing local news content to national newspapers and television news channels

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