Thursday, June 25, 2026

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पश्चिम बंगाल पंचायत चुनाव में मतदान के दौरान हुई हिंसा में 15 लोग मारे गए, जगह -जगह गोलीबारी, बमबारी और बूथ कैप्चरिंग, अमित शाह ने ममता सरकार से रिपोर्ट मांगी

15 people killed in West Bengal Panchayat poll violence and booth capturing.

15 people killed in West Bengal Panchayat poll violence and booth capturing. पंचायत चुनाव( West Bengal panchayat polls ) में शनिवार को पंचायत चुनाव के लिए हुए मतदान के दौरान हुई हिंसा में 15 लोग मारे गए हैं । चुनाव में हिंसा की आशंका के बीच भारी सुरक्षाबलों की तैनाती की गई थी। इसके बावजूद अलग-अलग जगह हुई हिंसक झड़प में 15 लोगों की मौत हो गई।वहीं, कूचबिहार में एक पोलिंग बूथ में तोड़फोड़ और बैलेट पेपरों को आग लगाने की घटना भी सामने आई।

पश्चिम बंगाल पंचायत चुनाव( West Bengal panchayat polls ) में  73,887 ग्राम पंचायत सीटों में से 64,874 पर मतदान खत्म हो गया है। बाकी 9,013 सीटों पर उम्मीदवारों को निर्विरोध चुन लिया गया था। निर्विरोध चुने जाने वाले उम्मीदवारों में सबसे ज्यादा 8,874 तृणमूल कांग्रेस से हैं।  चुनाव के नतीजे 11 जुलाई को आएंगे।

हिंसा की घटनाओं को लेकर गृह मंत्री अमित शाह ने राज्य सरकार से रिपोर्ट मांगी है। उन्होंने बीजेपी  के प्रदेश अध्यक्ष सुकान्त मजूमदार से भी बात की और कार्यकर्ताओं के बारे में जानकारी ली। वहीं, नंदीग्राम से भाजपा विधायक शुभेंदु अधिकारी ने कहा कि बंगाल जल रहा है। केंद्र को यहां राष्ट्रपति शासन लगाना चाहिए। इधर,   ()   ने चुनाव आयोग को लेटर लिखकर कहा की उन्हें संवेदनशील बूथों के बारे में सही जानकारी नहीं दी गई थी।

पश्चिम बंगाल पंचायत चुनाव( West Bengal panchayat polls ) में केंद्रीय सुरक्षाबलों की तैनाती के बाद भी अलग-अलग इलाकों से हिंसा की खबरें आईं। कई इलाकों से बूथ लूटने, बैलेट पेपर फाड़ने, बैलेट पेपर में आग लगाने की घटनाएं देखी गईं। कूच बिहार के माथभंगा-1 ब्लॉक के हजराहाट गांव में एक युवक बैलेट बॉक्स लेकर भाग गया।कूचबिहार के फलिमारी में शनिवार सुबह भाजपा के पोलिंग एजेंट माधव विश्वास की गोली मारकर हत्या कर दी गई।उत्तरी 24 परगना के पीरगाछा में एक निर्दलीय उम्मीदवार के बूथ एजेंट अब्दुल्ला की हत्या कर दी गई।

साउथ 24 परगना के भांगड़ ब्लॉक के जमीरगाछी में इंडियन सेक्यूलर फ्रंट (ISF) और टीएमसी कार्यकर्ताओं के बीच झड़प हुई। यहां गांव के लोगों ने बताया कि टीएमसी के लोग थैले में भरकर बम लाए थे। तमस  कार्यकर्ता गांव के लोगों को डराकर वोट डलवा रहे थे। उन्होंने इतने बम फेंके कि 2 घंटे तक पोलिंग रुकी रही। कुछ बम मीडियो वालों की तरफ भी फेंके।

 चुनावी हिंसा में छह जिलों में 15 लोगों के मरने की खबर है। मरने वालों में आठ टीएमसी कार्यकर्ता, तीन CPI(M) कार्यकर्ता, कांग्रेस-भाजपा और ISF के एक-एक कार्यकर्ता और एक निर्दलीय उम्मीदवार का पोलिंग एजेंट शामिल है। 9 जून से अब तक हिंसक घटनाओं में मरने वालों की संख्या 30 हो चुकी है।

राज्य के हुगली जिले में बैलेट बॉक्स को पानी में फेंक दिया गया। यहां धमसा के निवासियों ने एक मतदान केंद्र पर कथित तौर पर टीएमसी और भाजपा कार्यकर्ताओं के बीच हाथापाई हो गई। इसके बाद दो मतपेटियां तालाब में फेंक दीं। लोगों का आरोप है कि केंद्र पर केंद्रीय बलों की तैनाती नहीं की गई है। हालांकि साउथ 24 परगना में हालांकि, सुबह से शांतिपुर मतदान देखने को मिला। हुबली के भांगर में एक बम फेंका गया लेकिन वह नहीं फूट सका। इसके बाद पुलिस ने बम को पानी में फेंका।

राज्य में मुर्शिदाबाद से लेकर मालदा तक हिंसा देखने को मिली। कूच बिहार में एक शख्स बैलेट बॉक्स लेकर दौड़ता नजर आया। कूच बिहार ज़िले में दिनहाटा के बारानाचिना में एक मतदान केंद्र पर कथित तौर पर फर्जी मतदान से नाराज मतदाताओं ने मतपेटी में आग लगा दी। स्थिति यह थी कि लोगों ने सुरक्षा बलों के साथ भी हाथापाई की। कूच बिहार के सिताई में अज्ञात उपद्रवियों ने कथित तौर पर 6/130 बूथ, बरविटा प्राइमरी स्कूल में तोड़फोड़ की। सिताई के प्रथम मतदान अधिकारी अशोक राय ने बताया कि कल रात 2 बजे एक दल के कुछ लोग आए और बैलेट बॉक्स में पानी डाला। इसके बाद सुबह 7 बजे एक अन्य दल के लोग आए और उन्होंने यहां पर तोड़फोड़ की।

पश्चिम बंगाल पंचायत चुनाव के दौरान पश्चिम बंगाल के राज्यपाल सी.वी. आनंद बोस ने भी मतदान केंद्रों का दौरा किया और मतदाताओं एवं उम्मीदवारों से बातचीत की।

बंगाल में चुनावों के दौरान हिंसा का इतिहास रहा है, जो कम्युनिस्ट शासन के दौरान बड़े पैमाने पर थी और आज तक जारी है। राज्य सरकार का दावा है कि वह हिंसा की घटनाओं की संख्या को कम करने में सक्षम है और मीडिया झूठी कहानी पेश करने के लिए छिटपुट घटनाओं का उपयोग कर रहा है। इससे पहले हिंसा को रोकने के लिए कथित तौर पर पर्याप्त कदम नहीं उठाने के लिए राज्यपाल की आलोचना झेल रहे राज्य चुनाव आयोग ने इन चुनावों के लिए केंद्रीय बलों की 800 से अधिक कंपनियों की मांग की थी।

#WATCH | West Bengal #PanchayatElection23 | Voters queue up at a polling station in Basanti of South 24 Parganas district amid rainfall as they await their turn to cast a vote. pic.twitter.com/Iq7xBpbpft

— ANI (@ANI) July 8, 2023

 

Vijay Upadhyay

Vijay Upadhyay is a career journalist with 23 years of experience in various English & Hindi national dailies. He has worked with UNI, DD/AIR & The Pioneer, among other national newspapers. He currently heads the United News Room, a news agency engaged in providing local news content to national newspapers and television news channels