बॉम्बे हाईकोर्ट (Bombay High Court ) ने बुधवार को जैन समाज (Jain community )की उस याचिका को खारिज कर दिया, जिसमें पर्यूषण पर्व के दौरान शहर की वधशालाएं 10 दिनों के लिए बंद रखने की मांग की गई थी। अदालत ने स्पष्ट किया कि वह समुदाय की भावनाओं का सम्मान करती है, लेकिन यह अधिकार कहां से बनता है कि पूरे शहर की वधशालाएं इतने लंबे समय तक बंद कराई जाएं।
पर्यूषण पर्व दिगंबर समुदाय द्वारा 20 से 27 अगस्त और श्वेतांबर समुदाय की ओर से 21 से 28 अगस्त तक मनाया जाएगा। जैन समाज (Jain community ) का कहना है कि यह पर्व अहिंसा का संदेश देता है और इस अवधि में पशुवध पर रोक लगनी चाहिए। बीएमसी ने अदालत को बताया कि वर्तमान में सरकार ने वर्ष में 16 दिन वधशालाओं की बंदी अधिसूचित की हुई है। इस वर्ष पर्यूषण के दौरान भी 24 और 27 अगस्त को वधशालाएं बंद रहेंगी।
सुनवाई के दौरान वरिष्ठ अधिवक्ता प्रसाद धाकेपल्कर ने एक ऐतिहासिक संदर्भ देते हुए कहा कि जैन समाज (Jain community )ने मुगल सम्राट अकबर को भी वधशालाएं बंद कराने के लिए मना लिया था। अकबर ने अहमदाबाद में छह महीने तक वध पर रोक लगाई थी। उन्होंने हल्के-फुल्के अंदाज में कहा, सम्राट को मनाना आसान था, लेकिन राज्य सरकार और निगम को मनाना कठिन साबित हो रहा है।


सरकार ने 16 दवा कॉम्बिनेशन पर रोक लगाई:स्किन और कॉस्मेटिक प्रोडक्ट भी शामिल, कहा- इनसे इलाज में फायदे से ज्यादा जोखिम
Jharkhand :झारखंड राज्यसभा चुनाव में एनडीए समर्थित परिमल नाथवानी जीते, कांग्रेस को झटका; प्रणव झा हारे
Uttar Pradesh :फिरोजाबाद में बैंक ऑफ इंडिया के 96 ग्राहकों का करोड़ों का सोना गायब,ब्रांच मैनेजर सहित तीन पर FIR दर्ज
Uttar Pradesh :प्रयागराज में दिल दहला देने वाली वारदात, एक ही परिवार के तीन सदस्यों की निर्मम हत्या,घर के अंदर से बाहर तक पड़ी थीं लाशें
Rajasthan: जयपुर में अवैध हुक्का बार पर पुलिस का छापा, मैनेजर गिरफ्तार,नशीले फ्लेवर जब्त
अमेरिकी वायु सेना का बी-52 स्ट्रैटोफोर्ट्रेस बमवर्षक विमान उड़ान भरने के तुरंत बाद दुर्घटनाग्रस्त,आठ की मौत
ट्रेन में आग की अफवाह पर चेन पुलिंग कर उदयपुर इंटरसिटी से कूदे यात्री, दूसरी गाड़ी की चपेट में आने से 4 की मौत
Bihar :ज्ञान बिंदु वाले रौशन आनंद के भाई प्रिंस की नेपाल में मौत,’खान सर’ कोचिंग पर हमले मामले में थे आरोपी
अमेरिकी बयान पर भड़के शशि थरूर: बोले- निर्दोष भारतीयों की मौत पर अफसोस तक नहीं, यह कैसी दोस्ती?